नई दिल्ली, 31 मार्च 2025 - भारतीय विदेश सेवा (IFS) की 2014 बैच की अधिकारी निधि तिवारी को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की निजी सचिव (पर्सनल सेक्रेटरी) नियुक्त किया गया है। यह नियुक्ति कार्मिक एवं प्रशिक्षण विभाग (DoPT) द्वारा 29 मार्च 2025 को जारी एक आधिकारिक आदेश के तहत तत्काल प्रभाव से लागू की गई है। निधि तिवारी, जो वर्तमान में प्रधानमंत्री कार्यालय (PMO) में उप सचिव के पद पर कार्यरत थीं, अब देश के सबसे प्रभावशाली पदों में से एक की जिम्मेदारी संभालेंगी।
कौन हैं निधि तिवारी?
निधि तिवारी उत्तर प्रदेश के वाराणसी की रहने वाली हैं, जो प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का लोकसभा क्षेत्र भी है। उन्होंने 2013 में सिविल सेवा परीक्षा में 96वीं रैंक हासिल की थी और 2014 में भारतीय विदेश सेवा में शामिल हुईं। अपने करियर की शुरुआत में उन्होंने वाराणसी में असिस्टेंट कमिश्नर (कमर्शियल टैक्स) के रूप में काम किया और नौकरी के साथ-साथ यूपीएससी की तैयारी की। उनकी कड़ी मेहनत और लगन का परिणाम है कि आज वह इस मुकाम तक पहुंची हैं।
निधि ने अपने प्रशिक्षण के दौरान भी उत्कृष्ट प्रदर्शन किया और 2014 में विदेश मंत्रालय द्वारा "EAM (External Affairs Minister) गोल्ड मेडल फॉर बेस्ट ऑफिसर ट्रेनी" से सम्मानित की गईं। इसके बाद उन्होंने विदेश मंत्रालय में निरस्त्रीकरण और अंतरराष्ट्रीय सुरक्षा मामलों के प्रभाग में अंडर सेक्रेटरी के रूप में कार्य किया। नवंबर 2022 में उन्हें पीएमओ में डिप्टी सेक्रेटरी के पद पर नियुक्त किया गया, जहां उन्होंने विदेश और सुरक्षा मामलों में महत्वपूर्ण योगदान दिया।
नई भूमिका और जिम्मेदारियां
प्रधानमंत्री की निजी सचिव के रूप में निधि तिवारी की जिम्मेदारियां बेहद महत्वपूर्ण होंगी। वह पीएम मोदी के दैनिक कार्यों का समन्वय करेंगी, जिसमें उनकी बैठकों का आयोजन, सरकारी विभागों के साथ तालमेल, और नीतिगत निर्णयों को लागू करना शामिल है। पीएमओ में अपने पिछले कार्यकाल के दौरान उन्होंने राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार (NSA) अजीत डोभाल को रिपोर्ट करते हुए विदेश और सुरक्षा मामलों पर काम किया था, जिससे उनकी विशेषज्ञता और प्रशासनिक क्षमता का पता चलता है।
वेतन और सुविधाएं
रिपोर्ट्स के अनुसार, पीएमओ में निजी सचिव का वेतन पे मैट्रिक्स लेवल-14 के तहत निर्धारित होता है, जो लगभग 1,44,200 रुपये प्रति माह है। इसके अलावा, उन्हें महंगाई भत्ता (DA), आवास भत्ता (HRA), यात्रा भत्ता (TA), और अन्य सुविधाएं जैसे आधिकारिक वाहन, पीएम आवास के पास घर, और सुरक्षा कर्मी भी प्रदान किए जाते हैं। हालांकि, कुछ सूत्रों के अनुसार, उनकी वर्तमान नियुक्ति सह-अवधि के आधार पर पे मैट्रिक्स लेवल-12 के तहत हो सकती है।
महिला सशक्तीकरण का संदेश
निधि तिवारी की यह नियुक्ति न केवल उनकी व्यक्तिगत उपलब्धि है, बल्कि महिला सशक्तीकरण की दिशा में भी एक बड़ा कदम मानी जा रही है। पीएमओ में पहले भी कई महिला अधिकारियों को अहम जिम्मेदारियां दी गई हैं, और निधि की पदोन्नति इस बात का प्रमाण है कि योग्यता और मेहनत के आधार पर महिलाएं देश के शीर्ष प्रशासनिक पदों तक पहुंच सकती हैं।
वाराणसी से खास नाता
निधि तिवारी का वाराणसी से गहरा जुड़ाव है। वह महमूरगंज क्षेत्र की रहने वाली हैं और उनकी इस उपलब्धि से स्थानीय लोगों में गर्व की भावना है। यह संयोग भी रोचक है कि वह उस क्षेत्र से हैं, जिसे पीएम मोदी ने 2014 से अपना संसदीय क्षेत्र बनाया है।